देहरादून(आरएनएस)। अंकिता भंडारी हत्याकांड में न्याय की मांग को लेकर शुक्रवार को भारत की कम्युनिस्ट पार्टी (मार्क्सवादी) सीपीआईएम ने गांधी पार्क के बाहर धरना प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने दुष्यंत गौतम और भाजपा सरकार का पुतला दहन कर विरोध जताया। उन्होंने हत्याकांड से जुड़े कथित वीआईपी की भूमिका की निष्पक्ष जांच कराने, अंकिता के माता-पिता को न्याय दिलाने और दुष्यंत गौतम की सिक्किम के राज्यपाल पद पर नियुक्ति रद्द करने की मांग की।
प्रदर्शनकारियों ने उठाई न्याय की मांग
प्रदर्शन में उत्तराखंड महिला मंच, भाकपा (माले), सीटू, एसएफआई सहित विभिन्न संगठनों और राजनीतिक दलों के कार्यकर्ता शामिल हुए। वक्ताओं ने कहा कि अंकिता भंडारी हत्याकांड ने पूरे उत्तराखंड को झकझोर दिया था। उन्होंने दिल्ली में धरने पर बैठे अंकिता के माता-पिता को पुलिस हिरासत में लिए जाने की घटना की निंदा की। उन्होंने कहा कि अपनी बेटी को न्याय दिलाने के लिए संघर्ष कर रहे परिवार की मांगों पर गंभीरता से विचार किया जाना चाहिए। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि महिलाओं की सुरक्षा, सम्मान और न्याय सुनिश्चित करना सरकार की जिम्मेदारी है। इस दौरान पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष व सीपीआईएम के जिला सचिव शिव प्रसाद देवली, सीटू के जिला महामंत्री लेखराज, त्रिलोचन भट्ट, हिमांशु चौहान, बीएस पयाल, एसएफआई के जिला सचिव अयाज खान, दिगपाल, सुरेंद्र चौहान, भाकपा के राज्य सचिव जगदीश कुलियाल, अंशुल रावत, आरती, शांति, नीता डंगवाल, रिंकू सिंह, कुंती अहलूवालिया और नितिन असवाल आदि मौजूद रहे।
