उत्तराखण्ड

पत्थरबाजों व फंडिंग करने वालों पर रासुका मामले में डीजीपी ने दिए एसएसपी को निर्देश- मोर्चा 

   विकासनगर- जन संघर्ष मोर्चा अध्यक्ष एवं जीएमवीएन के पूर्व उपाध्यक्ष रघुनाथ सिंह नेगी ने बताया कि अप्रैल 2023 को मोर्चा  प्रतिनिधिमंडल ने पुलिस महानिदेशक श्री अशोक कुमार से मुलाकात कर बेरोजगारों के आंदोलन को फंडिंग करने वाले व  पत्थर बरसाने वाले पत्थरबाजों को चिन्हित कर इनके खिलाफ रासुका के तहत कार्रवाई को लेकर ज्ञापन सौंपा सौंपा था, जिसके क्रम में पुलिस मुख्यालय द्वारा एसएसपी/ डीआईजी से पूरे मामले पर रिपोर्ट उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए हैं
                                   नेगी ने कहा कि कुछ माह पहले एसएसपी/डीआईजी, देहरादून श्री दिलीप सिंह कुंवर ने दावा किया था कि बेरोजगार आंदोलन को कुछ कोचिंग सेंटर्स
व राजनीतिक दलों के कुछ नेताओं द्वारा किसी खास मकसद से फंडिंग की गई, लेकिन कई दिन बीतने के बाद भी पुलिस मामले का पर्दाफाश नहीं कर पाई, जोकि अपने आप में एक सवालिया निशान खड़ा करता है !उक्त फंडिंग मामले का पर्दाफाश होना देशहित में बहुत जरूरी है |
अगर इसी प्रकार फंडिंग के माध्यम से आंदोलन हुए तो उत्तराखंड जैसे प्रदेश को जे एंड के जैसा प्रदेश बनने में देर नहीं लगेगी | अगर आंदोलन में कोई फंडिंग नहीं हुई है तो डीआईजी का बयान निश्चित तौर पर दुर्भाग्यपूर्ण है |
         नेगी ने कहा कि फंडिंग के माध्यम से आंदोलन करने को उकसाने वाले व पत्थरबाजों  के आकाओं/ साजिशकर्ताओं पर भी  रासुका (राष्ट्रीय सुरक्षा कानून) के तहत कार्रवाई होनी चाहिए |
       पुलिस प्रशासन की नाकामी के चलते बेरोजगारों पर लाठीचार्ज की नौबत आई, जिसकी मोर्चा घोर निंदा करता है |
               हैरान करने वाली बात यह है कि डीआईजी का कहना है कि असामाजिक तत्वों द्वारा पत्थरबाजी की गई, तो फिर बेरोजगारों पर क्यों मुकदमे दर्ज किए गए !   मोर्चा पत्थरबाजों एवं फंडिंग करने वालों को किसी भी सूरत में नहीं छोड़ेगा |

Related posts

यात्रियों के 5 सदस्यीय दल ने पिथौरागढ़ की 18 हजार फीट ऊंची लिपुलेख पहाड़ियों से किए दर्शन

गले की खराश के लिए नमक के पानी से गरारे करना अच्छा इलाज है? जानिए सच्चाई

बुनियादी ढांचे के निर्माण में  इंजीनियरों का योगदान महत्वपूर्ण :  महाराज  

admin

Leave a Comment